रुद्रपुर: जनपद चंपावत में इंडेन गैस एजेंसी के मैनेजर दयाल सिंह रावत की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत ने पूरे क्षेत्र में सनसनी फैला दी है। इस घटना ने न केवल स्थानीय प्रशासन बल्कि गैस एजेंसियों के संचालन पर भी सीधा असर डाला है।
इस घटना का असर रुद्रपुर में देखने को मिला, जहां इंडेन गैस एजेंसी ने तुरंत LPG सिलेंडर की आपूर्ति रोक दी। एजेंसी परिसर में सिलिंडरों से भरी गाड़ी मौजूद होने के बावजूद उन्हें वितरित नहीं किया जा सका। सप्लाई बंद होने से शहर में गैस संकट जैसी स्थिति बनने लगी है। Indian Oil Corporation की इंडेन गैस एजेंसी के गेट पर ताला लटका दिया गया है। साथ ही एक नोटिस चस्पा कर लोगों को सूचित किया गया है कि मैनेजर की मौत के कारण फिलहाल गैस वितरण बंद रहेगा। इस अचानक फैसले से लोगों को बिना किसी पूर्व सूचना के परेशानी का सामना करना पड़ रहा है।
पत्नी ने लगाए दबाव के गंभीर आरोप
मृतक दयाल सिंह रावत की पत्नी ने उनकी मौत को लेकर कई गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका कहना है कि रावत पिछले कुछ दिनों से मानसिक दबाव में थे और वे अपना तबादला करवाना चाहते थे। हालांकि, उनकी इस मांग को नजरअंदाज किया गया। इन आरोपों के बाद मामले की गंभीरता और बढ़ गई है तथा जांच की मांग भी उठने लगी है। जब स्थानीय लोग सिलेंडर लेने एजेंसी पहुंचे, तो गेट पर ताला देखकर उन्हें निराश होकर लौटना पड़ा। कई परिवार ऐसे हैं जिनके घरों में गैस खत्म होने के कगार पर हैं। इस स्थिति में लोगों को खाना बनाने और अन्य घरेलू कामों में काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है।
एजेंसी प्रबंधन ने दी सफाई
एजेंसी से जुड़े अधिकारियों का कहना है कि जैसे ही मैनेजर की मौत की सूचना मिली, वे तुरंत चंपावत के लिए रवाना हो गए। लोगों को जानकारी देने के लिए सुबह ही गेट पर नोटिस लगा दिया गया था ताकि कोई बेवजह परेशान न हो। फिलहाल कार्यालय बंद है और सप्लाई कब शुरू होगी, इस बारे में कोई स्पष्ट जानकारी नहीं दी गई है।
आम जनता पर बढ़ता असर
LPG सप्लाई ठप होने का सीधा असर आम जनता पर पड़ रहा है। लोगों को वैकल्पिक ईंधन जैसे लकड़ी या अन्य साधनों का सहारा लेना पड़ सकता है। अगर जल्द ही सप्लाई बहाल नहीं होती, तो यह समस्या और गंभीर रूप ले सकती है।









