पिथौरागढ़: बेरीनाग क्षेत्र से एक सनसनीखेज हत्या मामला सामने आया है जिसमें पुलिस ने 40 वर्षीय लापता महिला की हत्या का भंडाफोड़ किया है। पुलिस ने मामले में चार आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है, लेकिन महिला का शव अभी तक बरामद नहीं हुआ है।
जांच में यह बात सामने आई कि महिला को उसके 22 वर्षीय प्रेमी ने शादी का झाँसा देकर भगा लिया, लेकिन जब प्रेमी के परिवार ने रिश्ते को स्वीकार नहीं किया तो उन्होंने महिला की हत्या कर शव को रामगंगा नदी में फेंक दिया। महिला, जो दो बच्चों की मां थी, का पति शहर में नौकरी करता है। 22 वर्षीय लड़के और 40 वर्षीय महिला के बीच प्रेम संबंध लगभग एक वर्ष से चल रहा था। छह महीने पहले भी युवक महिला को लेकर गया था, लेकिन समझौते के बाद महिला घर लौट आई थी। महिला के लापता होने के बाद स्थानीय प्रशासन ने हत्या के साथ-साथ परिवारिक षड़यंत्र की भी संभावना जताई थी।
कैसे उजागर हुआ मामला ?
बेरीनाग निवासी महिला, जो दो बच्चों की मां थी और जिसका पति शहर में नौकरी करता है, 12 सितंबर 2025 से लापता थी। परिवार ने पहले राजस्व पुलिस में गुमशुदगी तहरीर दी। एक माह बाद मामला रेगुलर पुलिस को सौंपा गया और जांच तेज़ हुई। जांच में पता चला कि महिला का लंबे समय से 22 वर्षीय विजय प्रसाद (किसमिला, कपकोट, बागेश्वर) नामक युवक से प्रेम संबंध चल रहा था। युवक ने शादी का वादा करके महिला को साथ ले जाने के बाद घर पहुँचाया था, लेकिन दोनों के रिश्ते पर युवक के परिवार ने आपत्ति जताई।
हत्या और आरोपियों की गिरफ्तारी
पुलिस के मुताबिक 16 सितंबर 2025 को युवक के घरवालों ने षड़यंत्र रचा और बेरीनाग के नाचनी क्षेत्र में महिला को रामगंगा नदी में फेंककर हत्या कर दी। जांच अधिकारी ने बताया कि आरोपियों ने हत्या के बाद सबूत मिटाने की भी कोशिश की, लेकिन पुलिस को महिला का बैग, फोटो, स्वेटर और दुपट्टा नदी किनारे से बरामद हुआ। पुलिस ने विजय प्रसाद, उसके पिता रमेश राम (42) और दोनों ताऊ — हरीश (43) व बलवंत राम (45) को हत्या तथा सबूत मिटाने के आरोप में गिरफ्तार किया है। महिला का शव अब भी बरामद नहीं हुआ है।
ऐसे पकड़े गए आरोपी
शुरुआती जांच में पुलिस को इंस्टाग्राम पोस्ट और सोशल मीडिया चैट, कॉल डिटेल्स तथा सीसीटीवी फुटेज से महत्वपूर्ण सुराग मिले। शुरुआत में आरोपियों ने पुलिस को भ्रमित करने की कोशिश की, लेकिन सबूतों के आधार पर सख्ती से पूछताछ के बाद उन्होंने हत्या की घटना स्वीकार की।









