अल्मोड़ा: देघाट क्षेत्र के महिपाल सिंह 30 साल बाद उत्तराखंडी गीत के वीडियो के जरिए अपने परिवार से मिले। पत्नी और बेटी का इंतजार आखिरकार खत्म हुआ। देघाट क्षेत्र के ग्राम चक केलानी निवासी महिपाल सिंह 1993 में रोजगार के लिए दिल्ली गए थे। उस समय उनकी बेटी महज 2 महीने की थी।
इसके बाद उनका परिवार से संपर्क पूरी तरह टूट गया। महिपाल की पत्नी बीना देवी और बेटी दिव्या ने वर्षों तक उनका इंतजार किया। तीन दशकों तक उन्होंने उम्मीद नहीं छोड़ी, लेकिन महिपाल का कोई पता नहीं चला।
गाने की शूटिंग बनी चमत्कार
कुमाऊंनी लोक गायिका Anita Rajwar के गीत “घुघूती” की शूटिंग महिपाल के घर में भी हुई थी। जब यह वीडियो फेसबुक पर आया, तो महिपाल ने उसमें अपना घर पहचान लिया। महिपाल, जो उस समय “नंदराम दास” नाम से फेसबुक चला रहे थे, बार-बार वीडियो पर कमेंट करने लगे कि यह उनका घर है। इस पर गायिका के परिवार को शक हुआ और उन्होंने जांच शुरू की।
लोक गायिका ने मिलवाया परिवार से
अनीता रजवार के पति ने प्रोफाइल देखकर शक जताया और महिपाल के परिवार से संपर्क किया। इसके बाद फेसबुक के जरिए लोकेशन लेकर परिवार के लोग उन्हें लेने पहुंचे। जब महिपाल घर पहुंचे, तो उनकी बेटी दिव्या ने पहली बार अपने पिता को देखा। 30 साल बाद पहली बार पिता-पत्नी मिले, पिता-पुत्री की पहली मुलाकात का पल बेहद भावुक था और पूरे क्षेत्र में चर्चा का विषय बन गया।









